एक जनसभा का हवाई दृश्य
समाजवादी पार्टी · इतिहास

19342027

एक विचार, जो नब्बे साल से चल रहा है — आज़ादी की लड़ाई के समाजवादियों से साइकिल तक, और साइकिल से 2024 के जनादेश तक।

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जड़ें

1934 — आज़ादी की लड़ाई के भीतर एक धारा

कांग्रेस के भीतर समाजवादियों ने कांग्रेस सोशलिस्ट पार्टी बनाई। जयप्रकाश नारायण, डॉ. राममनोहर लोहिया और आचार्य नरेंद्र देव इसके संस्थापकों में थे।

डॉ. राममनोहर लोहिया
राममनोहर लोहिया
जयप्रकाश नारायण
जयप्रकाश नारायण
आचार्य नरेंद्र देव
आचार्य नरेंद्र देव
धारा

नाम बदलते रहे, विचार चलता रहा

सोशलिस्ट पार्टी (1948), प्रजा सोशलिस्ट पार्टी (1952), संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी (1964) — संगठन टूटे-जुड़े; 1965 में लोहिया अपनी पार्टी के साथ संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी में आए। बराबरी और सामाजिक न्याय का विचार आगे बढ़ता रहा।

एक कार्यकर्ता

1967 — 28 साल का विधायक

मुलायम सिंह यादव

इटावा के सैफई में 22 नवंबर 1939 को जन्मे मुलायम सिंह यादव 1967 में संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी के टिकट पर जसवंतनगर से पहली बार विधायक बने। वे 1950 के दशक में ही लोहिया के आंदोलन से जुड़ गए थे। आपातकाल (1975–77) में वे जेल में रहे।

स्थापना

4 अक्टूबर 1992

समाजवादी पार्टी का स्थापना सम्मेलन, 1992
स्थापना सम्मेलन, 1992

मुलायम सिंह यादव ने समाजवादी पार्टी की स्थापना की। चुनाव चिह्न — साइकिल: गाँव, किसान और मेहनतकश की सवारी।

पहली सरकार

1993 — एक साल पुरानी पार्टी, 109 सीटें

स्थापना के चौदह महीने बाद समाजवादी पार्टी ने विधानसभा में 109 सीटें जीतीं और दिसंबर 1993 में मुलायम सिंह यादव मुख्यमंत्री बने।

सबसे बड़ा दल

2002 — 143 सीटें

समाजवादी पार्टी विधानसभा में सबसे बड़ा दल बनी; 29 अगस्त 2003 को मुलायम सिंह यादव फिर मुख्यमंत्री बने। इसी दौर में 1996–98 वे देश के रक्षा मंत्री भी रह चुके थे।

पूर्ण बहुमत

2012 — 224 सीटें, 38 साल के मुख्यमंत्री

अखिलेश यादव मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते हुए, मार्च 2012
शपथ ग्रहण, मार्च 2012

पहली बार अपने दम पर बहुमत। 15 मार्च 2012 को अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश के सबसे युवा मुख्यमंत्री बने — उनकी सरकार में आगरा–लखनऊ एक्सप्रेसवे बना, 1 दिसंबर 2016 को लखनऊ में पहली मेट्रो पटरी पर चली, और 108 एम्बुलेंस व यूपी 100 सेवाएँ शुरू हुईं।

काम बोलता है — परियोजनाएँ देखें → अखिलेश यादव — पूरी कहानी →
सबसे ज़्यादा वोट

2022 — 111 सीटें, अब तक का सबसे बड़ा वोट

2017 में 47 सीटों के बाद पार्टी लौटी: 111 सीटें और 32.06% वोट — समाजवादी पार्टी का अब तक का सबसे ऊँचा वोट प्रतिशत। अखिलेश यादव 1 जनवरी 2017 से राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं।

जनादेश

2024 — 80 में से 37

लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी पार्टी बनी — 2019 की 5 सीटों से 37 तक। देश में तीसरा सबसे बड़ा दल।

सीट-दर-सीट नक्शा →
अभिलेख

नौ राष्ट्रीय सम्मेलन

1992 से 2014 तक पार्टी के राष्ट्रीय सम्मेलन — पार्टी के अपने अभिलेख से।